Devi Short Film : आजकल के बिजी शेड्यूल में अगर आप कुछ ऐसा देखना चाहते हैं जो कम समय में आपकी रूह को हिला दे, तो शॉर्ट फिल्म्स बढ़िया ऑप्शन है। ऐसे में हम आपको एक ऐसी शॉर्ट फिल्म के बारे में बता रहें हैं, जिसकी कहानी आपको एकदम हैरान कर देगी। इस फिल्म का क्लाइमैक्स आपको अंदर से झकझोर कर रख देगा। इस फिल्म यूट्यूब पर लोग धड़ल्ले से देख रहें हैं।
हम आपको जिस शॉर्ट फिल्म के बारे में बता रहें हैं उसका नाम है ‘देवी’, जो कहने को तो सिर्फ 13 मिनट की है, लेकिन इसका अंत आपको घंटों सोचने पर मजबूर कर देगा। इसे आप यूट्यूब या एमएक्स प्लेयर पर बिल्कुल फ्री देख सकते हैं। फिल्म की शुरुआत एक छोटे से कमरे से होती है, जहां अलग-अलग उम्र और बैकग्राउंड की 9 महिलाएं एक साथ बैठी हैं। कमरे में अजीब सी घबराहट है। अचानक दरवाजे पर दस्तक होती है, लेकिन अंदर बैठी महिलाएं गेट खोलने से मना कर देती हैं। उनकी दलील है कि कमरे में अब पैर रखने की भी जगह नहीं बची है।
इसके बाद शुरू होता है बहस का वो दौर, जो समाज के सबसे घिनौने चेहरे को बेनकाब करता है। एक-एक करके सभी महिलाएं अपनी आपबीती सुनाती हैं। वे आपस में इस बात पर झगड़ने लगती हैं कि किसे इस कमरे से बाहर जाना चाहिए ताकि नए सदस्य को अंदर जगह मिल सके। कोई अपने ही पति के हाथों शिकार हुई है, तो किसी के साथ हाईवे पर दरिंदगी हुई। कोई गैंगरेप की शिकार है, तो किसी मासूम का गला घोंट दिया गया। हर महिला का दर्द दूसरे से बड़ा है, और उस कमरे में रहने वाली सभी महिलाएं ‘रेप विक्टिम’ हैं।
क्लाइमैक्स
फिल्म के अंत में, भारी मन से सभी महिलाएं दरवाजा खोलने को तैयार हो जाती हैं क्योंकि वे जानती हैं कि बाहर खड़ी शख्स भी उन्हीं की तरह किसी जुल्म का शिकार हुई है लेकिन जैसे ही कुंडी खुलती है, कैमरा जो दिखाता है उसे देखकर आपके पैरों तले जमीन खिसक जाएगी। दरवाजे पर खड़ी महिला को देखकर कमरे में मौजूद काजोल, नेहा धूपिया और श्रुति हासन जैसी एक्ट्रेसेस के चेहरे के भाव फिल्म का असली मैसेज दे जाते हैं। यह अंत सिर्फ एक कहानी नहीं, बल्कि हमारे समाज के लिए एक प्रश्न छोड़ जाता है।
इन स्टारकास्ट ने की शानदार एक्टिंग
प्रियंका बनर्जी द्वारा निर्देशित इस शॉर्ट फिल्म में काजोल, नेहा धूपिया, श्रुति हासन, नीना कुलकर्णी, शिवानी रघुवंशी और यशस्विनी दायमा जैसे कलाकार शामिल हैं। 2 मार्च 2020 को रिलीज हुई इस फिल्म को अब तक यूट्यूब पर 27 मिलियन से ज्यादा लोग देख चुके हैं। अगर आपने अभी तक इसे नहीं देखा है, तो यह 13 मिनट आपकी सोच बदल सकते हैं।
